लखनऊ न्यूज डेस्क: लखनऊ में शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद आसिफी मस्जिद के बाहर विरोध प्रदर्शन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। नमाज के तुरंत बाद ही लोग इकट्ठा हुए और अपने मुद्दों को लेकर विरोध जताया, जिससे कुछ देर के लिए माहौल गर्म हो गया।
यह प्रदर्शन शिया धर्मगुरु मौलाना सैयद कल्बे जव्वाद नकवी की अगुवाई में किया गया। उन्होंने मौके पर मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए अपनी बात रखी और समुदाय से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की।
अपने संबोधन में मौलाना नकवी ने कहा कि सऊदी अरब में मौजूद पवित्र स्थलों से जुड़ी कब्रों और मकबरों को करीब सौ साल पहले यह कहकर गिरा दिया गया था कि वे इस्लाम के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि इन स्थलों के पुनर्निर्माण की मांग लंबे समय से उठाई जा रही है।
उन्होंने आगे आरोप लगाया कि शियाओं और सूफियों पर हमले करने वाले लोग सऊदी अरब से जुड़े हैं। साथ ही उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले भारतीय जहाजों का जिक्र करते हुए कहा कि इसमें आम जनता का सहयोग मिल रहा है, जिसमें अन्य समुदायों के लोग भी शामिल हैं।