लखनऊ न्यूज डेस्क: लखनऊ में हाई-प्रोफाइल सेक्स रैकेट चलाने के आरोप में खुफिया एजेंसी आईबी ने उज्बेकिस्तान की रहने वाली लोला कायूमोवा को हिरासत में लिया है। करीब एक साल से फरार चल रही लोला को आईबी ने पकड़ने के बाद सुशांत गोल्फ सिटी थाने की पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस अब उसके नेटवर्क और उससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
पुलिस के मुताबिक, लोला पर नेपाल और उज्बेकिस्तान से महिलाओं को अवैध तरीके से लखनऊ लाने और उन्हें देह व्यापार के धंधे में धकेलने का आरोप है। जांच में यह भी सामने आया है कि वह महिलाओं का हुलिया बदलने के लिए एक डॉक्टर की मदद से उनकी प्लास्टिक सर्जरी कराती थी। इसके बाद उन्हें शहर के पॉश इलाकों में किराए के फ्लैटों में रखकर देह व्यापार कराया जाता था।
2025 में छापेमारी के बाद हो गई थी फरार
20 जून 2025 को एफआरआरओ की टीम ने न्यू हजरतगंज स्थित एक अपार्टमेंट के कमरा नंबर 527 में छापा मारा था। कार्रवाई के दौरान होलिडा और नीलोफर नाम की दो विदेशी महिलाओं को पकड़ा गया था। जांच में उनके पास फर्जी दस्तावेज मिलने और भारत में अवैध रूप से रहने की बात सामने आई थी। इस कार्रवाई के बाद से ही लोला पुलिस और जांच एजेंसियों की नजर से बच रही थी।
नेपाल और उज्बेकिस्तान के नेटवर्क से जुड़े तार
जांच एजेंसियों के अनुसार, लोला के संपर्क नेपाल और उज्बेकिस्तान में सक्रिय गिरोहों से भी थे। आरोप है कि इन्हीं संपर्कों के जरिए महिलाओं को लखनऊ लाया जाता था। एजेंसियां अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और महिलाओं की तस्करी से लेकर उन्हें फ्लैटों तक पहुंचाने में किसकी भूमिका थी।
उज्बेकिस्तान में भी जारी था लुकआउट नोटिस
जांच में यह भी पता चला है कि लोला के खिलाफ उज्बेकिस्तान में लुकआउट नोटिस जारी है। आरोप है कि उसने लखनऊ में चोरी-छिपे शादी की और यहां अवैध रूप से रह रही थी। अब हिरासत में लिए जाने के बाद एजेंसियां उसके दस्तावेजों, भारत में रहने की स्थिति और कथित सेक्स रैकेट से जुड़े पूरे नेटवर्क की जांच कर रही हैं।