लखनऊ न्यूज डेस्क: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में दिनदहाड़े हुए सनसनीखेज संदीप सिंह हत्याकांड की परतें अब पूर्वांचल के जरायम जगत से जुड़ती नजर आ रही हैं। बुधवार को पीजीआई थाना क्षेत्र के कल्ली पश्चिम पुलिस चौकी के पास प्रापर्टी डीलर और बिल्डर संदीप सिंह (45) की तीन गोलियां मारकर बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। इस हाई-प्रोफाइल मामले के खुलासे के लिए क्राइम ब्रांच, सर्विलांस और स्थानीय पुलिस समेत कुल 10 विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो पूर्वांचल के गाजीपुर, जौनपुर और वाराणसी समेत कई जिलों में कातिलों की तलाश में लगातार दबिश दे रही हैं।
सीसीटीवी से मिला शूटरों का 'रूट प्लान':
किसान पथ की ओर भागे बदमाश: पुलिस और सर्विलांस टीम ने बुधवार देर रात से लेकर गुरुवार दोपहर तक गहन तफ्तीश के बाद शूटरों का पूरा भागने का रूट मैप तैयार कर लिया है। वारदात को अंजाम देने के बाद बाइक सवार नकाबपोश बदमाश पीजीआई के सामने से रायबरेली रोड होते हुए सीधे 'किसान पथ' पर चढ़े और वहां से आगे निकल गए।
फुटेज खंगाल रही पुलिस: पुलिस अब किसान पथ और उस मार्ग पर पड़ने वाले सभी टोल प्लाजा के सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के फुटेज को बारीकी से खंगाल रही है। हालांकि, बदमाशों ने पूरी घटना के दौरान अपने चेहरे नहीं खोले थे, इसलिए पुलिस अब उनके शारीरिक हुलिए और बाइक के मॉडल के आधार पर पूर्वांचल के सक्रिय शूटरों से उनका मिलान कर रही है।
जेलों में बंद शूटरों से होगी पूछताछ:
जांच अधिकारियों का दृढ़ता से मानना है कि इस जघन्य हत्याकांड के पीछे करोड़ों रुपये की कीमती प्रॉपर्टी का विवाद या पैसों का बड़ा लेन-देन मुख्य वजह हो सकता है। मामले की तह तक जाने के लिए पुलिस ने पूर्वांचल के विभिन्न जिलों और लखनऊ की जेलों में बंद कुख्यात शूटरों और गैंगस्टरों की एक सूची (डोजियर) तैयार की है। शुक्रवार को पुलिस टीम जौनपुर, वाराणसी, गाजीपुर और लखनऊ की जेलों में बंद इन अपराधियों से कड़ाई से पूछताछ करेगी, ताकि जेल से रची गई किसी भी संभावित साजिश या सुपारी (कॉन्ट्रैक्ट किलिंग) के एंगल को साफ किया जा सके।
वारदात की पृष्ठभूमि:
मूल रूप से जौनपुर जिले के सिकरारा टिकारी गांव के रहने वाले संदीप सिंह लखनऊ की वृंदावन कॉलोनी में अपनी पत्नी प्रीति और बच्चों के साथ रहते थे। बुधवार को वह रायबरेली रोड स्थित कल्ली पश्चिम में बने एक कॉम्प्लेक्स में अपने निजी कार्यालय जा रहे थे। जैसे ही वह अपनी कार से उतरकर दफ्तर की ओर बढ़े (कार में उनका चालक बैठा हुआ था), तभी पीछे से घात लगाकर आए एक नकाबपोश शूटर ने उन पर ताबड़तोड़ तीन राउंड फायरिंग कर दी और अपने साथी के साथ बाइक पर बैठकर फरार हो गया। पुलिस इस मामले में संदीप के करीबियों और व्यावसायिक साझेदारों के कॉल डिटेल्स रिकॉर्ड (CDR) भी खंगाल रही है।